रबी फसल में पानी की मांग को लेकर पामगढ़ के किसानों ने कलेक्टर और जल संसाधन विभाग को सौंपा ज्ञापन
(पंकज कुर्रे)
जांजगीर/पामगढ़ । जांजगीर चांपा जिले के पामगढ़ ब्लाक के अन्तर्गत आने वाले ग्राम पंचायत डोंगाकोहारौद, भिलौनी, धनगांव, केसला, रोझनडीह, जोरैला, मेकरी, हिर्री के किसानों ने दिनांक 14/11/2025 को कलेक्ट्रेट एवं जल संसाधन विभाग जांजगीर को भी सौंपा ज्ञापन किसानों का कहना है कि पामगढ़ शाखा नहर के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत के लगभग 250 किसानों ने रबी सीजन में धान बोने के लिए पानी की आवश्यकता है। बीते वर्ष पानी मिलने से किसानों की उम्मीद रबी फसल के लिए जिंदा हुआ है। और ऐसे में एक वर्ष पानी देना दूसरे वर्ष पानी न देने से हमारे उम्मीद और फसल में पानी फेरना हो जाएगा। 
रबी फसल और पलायन का चोली दामन का नाता है यदि फसल नही होगी तो सीमांत किसान और मजदूर पलायन के लिये विवश होते है और पलायन से उनका पूरा परिवार उजड़ जाता है। बच्चो की पढाई छूट जाती है, घर छुट जाता है, खेत गिरवी रखा जाता है। गाँव में नहीं रहने से शासकीय योजनाओ से मिलने वाले चावल से लेकर आवश्यक सारी अन्य सहायता भी छुट जाती है। हमने यह भी देखा है कि दुसरे प्रदेश में जाकर काम करने वाले बहुत सारे मजदूर बंधक बन जाते है और सालो-साल वो अपने घर लौट नही पाते। यहाँ के लोगों के पास कृषि के अतिरिक्त आय का और कोई मुख्य स्रोत नहीं है। सभी लोग कृषि पर ही निर्भर है।
ज्ञापन देने वाले ग्राम पंचायतों में डोंगाकोहरौद से दुकालू भास्कर, राजाराम पटेल, लव पटेल, रवि शंकर धीवर, मनीष कश्यप, कुलदीप साहू रामखिलावन कौशिक, ऋतु पटेल लक्ष्मीनारायण, अनिल भास्कर, कुमारचंद्रकिशोर पटेल, मोहना केवट , पुरषोत्तम निराला, रोझानडीह से साहबलाल बंजारे, गणेशराम कुर्रे, पिंटू लहरे, लक्की लहरे, अशोक, बीरबल, वीरेंद्र टंडन, भिलौनी से त्रिलोकी कांत, रामचरण, प्रदीप बघेल, धनगांव से हेतराम बर्मन, धरमलाल दिव्य, गुरु चरण चौहान, सीतश कुमार, लखनलाल, रामपाल, छत्रपाल लहरे, रोहित खूंटे, मोहर साय, हिर्री से नेतराम, राहुल बर्मन मोहन, रमेश अमृत लाल, केसला से घसिया पटेल, राजाराम पटेल का कहा कि जांजगीर – चाम्पा जिला पूर्णतः कृषि प्रधान जिला है। रबी फसल किसानो के आर्थिक विकास के साथ साथ खेतो में काम करने वाले हजारो मजदूरो की रोजी-रोटी का भी साधन है। फसल नही होने से वही मजदूर पलायन के लिये विवश होते है।



