चैतन्य विज्ञान एवं कला महाविद्यालय में मनाया गया संविधान दिवस, कॉलेज परिसर से अंबेडकर चौक तक निकाली गई जागरूकता रैली
(पंकज कुर्रे)
पामगढ़ । चैतन्य विज्ञान एवं कला महाविद्यालय (स्वशासी) पामगढ़ में बुधवार को राजनीति शास्त्र विभाग, राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) एवं एनसीसी के संयुक्त तत्वावधान में संविधान दिवस का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का उद्देश्य भारतीय संविधान की महत्ता, नागरिकों के अधिकार व कर्तव्यों तथा लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति छात्रों में जागरूकता बढ़ाना था। कार्यक्रम की शुरुआत कॉलेज परिसर से रैली निकालकर की गई, जो अंबेडकर चौक तक पहुंची और वहां डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। तत्पश्चात रैली पुनः महाविद्यालय पहुंचकर मल्टीपरपज हॉल में परिचर्चा का आयोजन किया गया। रैली में एनसीसी कैडेट्स ने अनुशासित मार्च-पास्ट कर संविधान के प्रति सम्मान प्रदर्शित किया। कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती की पूजा-अर्चना से हुआ। प्राचार्य डॉ. वी.के. गुप्ता द्वारा संविधान की प्रस्तावना का सामूहिक वाचन कराया गया एवं विद्यार्थियों को संविधान की विशेषताओं से अवगत कराया गया।
संचालक वीरेंद्र तिवारी ने संविधान में वर्णित अधिकारों और कर्तव्यों के संतुलन पर जोर देते हुए कहा कि एक जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए कर्तव्यों का पालन उतना ही आवश्यक है जितना अधिकारों का उपयोग। वरिष्ठ प्रोफेसर विवेक जोगलेकर ने न्याय, स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व जैसे मूलभूत सिद्धांतों पर विस्तार से प्रकाश डाला। शुभदा जोगलेकर ने संविधान दिवस के ऐतिहासिक महत्व के बारे में जानकारी दी। आईक्यूएसी समन्वयक चंचल यादव ने समता एवं समानता के तत्वों पर अपने विचार रखे। रासेयो प्रभारी संजय बघेल ने संविधान की संरचना, निर्माण प्रक्रिया एवं इसकी विशेषताओं पर विद्यार्थियों को जानकारी प्रदान की।
कार्यक्रम का संचालन सहायक प्राध्यापक राजनीति विज्ञान चिरंजीव साहू ने किया तथा आभार प्रदर्शन सहायक प्राध्यापक आशुतोष आदित्य द्वारा किया गया। इस अवसर पर एनसीसी, रासेयो के स्वयंसेवक सहित विभिन्न विभागों के प्राध्यापकगण एवं विद्यार्थी की उपस्थित रहे।



