नगर में गणेश चतुर्थी की घूम, जगह-जगह विराजे गजानंद, भक्तों की लग रही भीड़
(रौनक साहू)
कसडोल। देशभर में गणेश चतुर्थी हिंदुओं का एक प्रमुख त्यौहार है। यह त्यौहार भारत के विभिन्न भागों सहित छत्तीसगढ़ में भी बड़ी धूमधाम से मनाया जाता है, कसडोल नगर सहित अंचल में कई जगहों पर भगवान गणेश की मूर्ति स्थानिय समितियों द्वारा स्थापित किया गया है, आपको बता दे कि नगर में लगभग 19 जगहों पर भगवान गणेश की प्रतिमा का स्थापना किया गया है, जिसमे
मोक्ष गणेश उत्सव समिति (पुराना डाक घर कसडोल), छोटा बाल गणेश उत्सव समिति (डोम सेट बलार रोड कसडोल), छोटा मित्र मंडल गणेश उत्सव (बलार रोड कसडोल), युवा गणेश समिति (बलार रोड कसडोल), बाल गणेश उत्सव समिति (रावत पारा कसडोल), पारा मोहला गणेश उत्सव समिति (बैगा पारा कसडोल), शिव चौक गणेश उत्सव समिति कसडोल, सिद्धिविनायक गणेश उत्सव समिति (कपूरताल तालाब कसडोल), मां शीतला गणेश उत्सव समिति इंदिरा कालोनी वार्ड क्रमांक 03 कसडोल, मुस्कान युवा गणेश उत्सव समिति (कालेज रोड कसडोल), नवयुवक गणेश उत्सव समिति यूथ क्लब समिति अजगर चौक कसडोल, बजरंग चौक गणेश उत्सव समिति कसडोल, बाल गणेशोत्सव समिति बगदेवी पारा कसडोल, मां बगदेवी गणेश उत्सव समिति ( बगदेवी पारा) कसडोल, मित्र मंडल कसडोल (दुर्गा चौक कसडोल), जय बजरंगबलि गणेश उत्सव समिति (हेमाल चौक कसडोल), शिवशक्ति गणेश उत्सव समिति (बाजार चौक कसडोल), न्यु युवा गणेश उत्सव समिति ( कसडोल हड़हापारा), बाल गणेश सिरपुर रोड कसडोल में गणेश भगवान की मूर्ति को स्थापित किया है। यहाँ शाम होते ही भगवान गणेश जी की आरती की जाती है जिसमे बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की भीड़ रहती है। साथ ही यहाँ कई पंडालों पर आरती के उपरांत सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी भव्य आयोजन करते है जिसमे महिलाओं को उत्साहित करने के लिए प्रतियोगिता भी रखते है जिसमे महिलाए बढ़ चढ़ कर हिस्सा लेती है। इसके अलावा समितियों द्वारा भगवान गणेश की प्रतिमा के समीप कीर्तन भी करते है, वही लोगों का मानना है कि गणेश भगवान की मूर्ति को स्थापित करने से घर मे शुख शांति बनी रहेगी और मनोकामना पूर्ण होती है। यहाँ भगवान गणेश की स्थापना में मुख्य रूप से सभी समितियों का प्रमुख योगदान हैं।










