पत्थलगांव का सरकारी अहाता बदहाल, दोगुने दाम और लापरवाही से जनता परेशान
(बबलू तिवारी)
पत्थलगांव। शहर स्थित शराब दुकान के सरकारी अहाता में साफ-सफाई और नियमों की अनदेखी का आलम देखने को मिल रहा है। जिला आबकारी विभाग द्वारा लाइसेंस जारी कर इस अहाता का संचालन तो कराया जा रहा है, ताकि शराब प्रेमियों को बैठकर पीने में परेशानी न हो, लेकिन हकीकत इसके उलट है।

अहाते में गंदगी का अंबार लगा है, वहीं आबकारी विभाग और नगरीय प्रशासन की ओर से किसी तरह की कार्रवाई नहीं की जा रही है। संचालक की मनमानी इतनी बढ़ गई है कि पैकेजिंग खाद्य सामग्री बेचने की अनुमति होते हुए भी यहां खुलेआम चना, आमलेट, मांस समेत अन्य खाद्य सामग्री मनमाने दामों पर परोसी जा रही है। पानी की बोतल और सिगरेट जैसे पैकेजिंग आइटम भी दोगुनी कीमत में बेचने की शिकायतें लगातार मिल रही हैं।
ग्रीन नेट से बना “अजूबा” अहाता
सुरक्षा मानकों की धज्जियां उड़ाते हुए इस सरकारी अहाते को ग्रीन पर्दा सेफ्टी नेट के सहारे घेरकर बनाया गया है। यह नेट आमतौर पर कंस्ट्रक्शन साइट पर लगाया जाता है, लेकिन यहां इसे दीवार के विकल्प के तौर पर उपयोग में लाया गया है। पारदर्शी होने की वजह से न केवल शराब पीने वालों की गोपनीयता भंग हो रही है बल्कि बारिश में पानी छिड़काव और धूप के दिनों में झुलसाने वाली गर्मी का भी सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि आबकारी विभाग और नगरीय प्रशासन की लापरवाही और संचालक की मनमानी से सरकारी अहाता बदहाल स्थिति में पहुंच चुका है। अब देखना होगा कि जिम्मेदार अधिकारी इस ओर ध्यान देकर कोई ठोस कार्रवाई करते हैं या फिर यह स्थिति यूं ही बनी रहेगी।



