हसुवा में अवैध फ्लाई ऐश ब्रिक्स प्लांट पर चला प्रशासन का डंडा, दो साल बाद टूटी खामोशी

(मदन खाण्डेकर)

गिधौरी- टुण्ड्रा तहसील क्षेत्र में अवैध गतिविधियों के खिलाफ प्रशासन ने आखिरकार सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। ग्राम हसुवा में बीते दो वर्षों से नियमों को ताक पर रखकर संचालित हो रहे आरडी फ्लाई ऐश ब्रिक्स प्लांट पर राजस्व विभाग की टीम ने छापा मारकर उसे तत्काल प्रभाव से बंद करा दिया।उल्लेखनीय है कि ग्राम हसुवा में घनी आबादी के बीच संचालित इस प्लांट के पास न तो भूमि डायवर्शन की अनुमति थी और न ही पर्यावरण विभाग की स्वीकृति। इसके बावजूद प्लांट लगातार चल रहा था, जिससे उड़ती राख और धूल ने ग्रामीणों का जीना दूभर कर दिया था। हालात इतने गंभीर हो चुके थे कि लोगों को सांस लेने में तकलीफ, आंखों में जलन और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था।

ग्रामीण लंबे समय से इसकी शिकायत कर रहे थे, लेकिन कार्रवाई अब जाकर हुई। टुण्ड्रा तहसीलदार युवराज कुर्रे और पटवारी कृष्ण कुमार मिरी के नेतृत्व में पहुंची टीम ने मौके पर जांच की, जहां प्लांट पूरी तरह अवैध पाया गया। प्रशासन ने तुरंत मशीनें बंद कराईं और करीब दो लाख तैयार ईंटों को जब्त कर लिया।हालांकि इस कार्रवाई के बाद गांव में राहत का माहौल है, लेकिन कई सवाल अब भी खड़े हैं। आखिर दो साल तक यह अवैध प्लांट कैसे चलता रहा? और क्या प्रशासन की नजर केवल चुनिंदा मामलों तक ही सीमित है? गौरतलब है कि क्षेत्र में “पंजा भट्टा” जैसे अन्य अवैध ईंट भट्टे भी तेजी से पनप रहे हैं, लेकिन उन पर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। इससे प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठना लाजिमी है। ग्रामीणों की मांग है कि केवल एक प्लांट पर कार्रवाई कर औपचारिकता पूरी न की जाए, बल्कि पूरे क्षेत्र में अवैध और प्रदूषण फैलाने वाले उद्योगों के खिलाफ व्यापक अभियान चलाया जाए, ताकि भविष्य में ऐसी लापरवाही दोहराई न जा सके। अब देखने वाली बात यह होगी कि प्रशासन इस कार्रवाई को एक मिसाल बनाता है या फिर यह भी अन्य मामलों की तरह समय के साथ ठंडे बस्ते में चला जाएगा।

शिकायत के आधार पर मौके पर पहुँचे थे, जब्ती भी किये है आगे की कार्रवाही नियमानुसार की जायेगी…..युवराज कुर्रे तहसीलदार टुण्ड्रा