बारिश में भी शिवभक्तों ,का अपार श्रद्धा भक्ति खरौद के लक्ष्मणेश्वर मंदिर में उमड़ी भारी भीड़; सावन के अंतिम सोमवार पर लगा भक्तों का तांता
(मदन खांडेकर)
गिधौरी.श्रावण मास के अंतिम सोमवार को शिव मंदिरों में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। एक तरफ जहां आसमान से आफत बनकर मूसलाधार बारिश बरस रही थी, वहीं दूसरी तरफ शिवभक्तों के उत्साह और आस्तिकता के आगे मौसम की यह मार भी बेअसर साबित हुई। छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध तीर्थ स्थल में गुप्त काशी के नाम से प्रसिद्ध खरौद लक्ष्मणेश्वर मंदिर में बारिश के बीच भी श्रद्धालुओं ने अपनी बारी का इंतजार किया और लंबी कतारों में डटे रहे। सावन के आखिरी सोमवार को लेकर सुबह से ही भक्तों की भारी भीड़ जुटने लगी थी। दोपहर के वक्त अचानक तेज बारिश शुरू हो गई, जिससे चारों तरफ पानी भर गया। इसके बावजूद भगवान शिव के प्रति अटूट आस्था दिखाते हुए श्रद्धालुओं ने लाइन नहीं छोड़ी। भीगते हुए घंटों अपनी बारी का इंतजार करने के बाद भक्तों ने शिवलिंग पर जलाभिषेक किया और अपनी मन्नतें मांगीं।
निःसंतान दंपतियों के लिए वरदान है यह मंदिर:-
मंदिर के मुख्य पुजारी सुधीर मिश्रा ने इस पावन अवसर पर स्वदेश के टीम के साथ विशेष जानकारी देते हुए बताया कि खरौद का लक्ष्मणेश्वर मंदिर सिर्फ धार्मिक आस्था का केंद्र ही नहीं, बल्कि एक सिद्ध स्थल भी है। पुजारी सुधीर मिश्रा के अनुसार, मान्यता है कि सावन के सोमवार और विशेष अवसरों पर यहां सच्चे मन से पूजा-अर्चना करने से निःसंतान दंपतियों को संतान की प्राप्ति होती है, और यह मंदिर निःसंतान लोगों के लिए वरदान साबित होता है। यही कारण है कि दूर-दूर से बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां अपनी मनोकामनाएं लेकर पहुंचते हैं।






